सरकारी कार्मिकों के साथ दुर्व्यवहार करने वाले तत्वों के विरुद्ध भारत निर्वाचन आयोग सख़्त

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संदेह जनक और झूठी अफवाहें फैलाने वाले तत्वों के विरुद्ध जिला प्रशासन द्वारा की जाएगी कड़ी दंडात्मक कार्यवाही- जिलाधिकारी

जिला प्रशासन एसआईआर की संपूर्ण प्रक्रिया को पूर्ण रूप से पारदर्शी, निष्पक्ष व गुणवत्तापूर्ण संपन्न कराने के लिए प्रतिबद्ध- जिलाधिकारी जसजीत कौर

संदीप उपाध्याय दैनिक लखनऊ सुपरफास्ट जिला ब्यूरो चीफ बिजनौर

बिजनौर जिलाधिकारी श्रीमती जसजीत कौर ने जानकारी देते हुए बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने कुछ असामाजिक तत्वों द्वारा फार्म -07 के माध्यम से मतदाताओं के नाम हटाए जाने के संबंध में संदेह पैदा करने, झूठी अफवाहें फैलाने और ईआरओ, एईआरओ, बीएलओ तथा एसआईआर कार्य में अपने दायित्वों अदा कर रहे किसी भी सरकारी अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ दुर्व्यवहार करने के कृत्य का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्यवाही करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि फॉर्म-7 के माध्यम से मतदाताओं के नाम हटाए जाने के संबंध में स्पष्ट करते हुए कहा कि उक्त संदेह बेबुनियाद और निराधार हैं, क्योंकि भारत निर्वाचन आयोग के पास नाम हटाने की एक निर्धारित प्रक्रिया है और यह उचित सुनवाई के बाद की जाती है। उन्होंने बताया कि फॉर्म-7 का दैनिक डेटा चुनाव आयोग द्वारा आयोग के निर्धारित पोर्टल पर जारी किया जाता है। उन्होंने बताया कि किसी भी वोटर का नाम मृत्यु, स्थायी अनुपस्थिति, उसी स्थान या किसी अन्य स्थान पर पहले से मतदाता सूची में पंजीकृत होने और भारतीय नागरिक न होने के आधार पर मतदाता का नाम हटाने के लिए फॉर्म 7 जमा किया जाता है।
जिलाधिकारी ने यह भी बताया कि यदि कोई आपत्ति फार्म साथ पर किसी मतदाता का नाम हटाने के लिए आती है तो संबंधित बीएलओ पहले उसे फॉर्म को अपने पोर्टल पर अंकित/ डिजिटाइज करेगा उसके बाद इलेक्टोरल रजिस्ट्रेशन ऑफिसर द्वारा आपत्तिकर्ता और उस मतदाता को जिसके विरुद्ध आपत्ति दर्ज कराई गई है, दोनों को लिखित नोटिस जारी किया जाएगा। तदोपरांत उस पर मौका मुआयना के आधार पर निर्णय लिया जाएगा।उन्होंने बताया कि फॉर्म 7 जमा करने का अधिकार केवल उसी व्यक्ति को है, जिसका नाम उसी विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में पहले से दर्ज है। फॉर्म-7 भरने वाले व्यक्ति को पहले अपना नाम और मतदाता पहचान पत्र नंबर लिखना अनिवार्य है। इसके बाद आपत्तिकर्ता को उस व्यक्ति का नाम लिखत रूप में प्रस्तुत होगा, जिसके खिलाफ आपत्ति दर्ज की जा रही है और इसी के साथ आपत्ति का कारण बताना होगा।
उन्होंने बताया कि प्रपत्र 6, 6ए, 7 और 8 की संख्या हर सप्ताह सभी राजनीतिक दलों को मीटिंग के माध्यम से उपलब्ध कराई जाती है। साथ ही साथ सभी प्रपत्र प्रपत्र 6, 6ए, 7 और 8 की प्रतिदिन बनने वाली सूची जिले की वेबसाइट पर भी अपलोड की जाती है।
उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन एसआईआर की संपूर्ण प्रक्रिया को निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करते हुए पूर्ण रूप से पारदर्शी, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। साथ ही साथ अधिकारी कार्यालय मतदान केंद्र पर जाकर सरकारी कार्यों में बाधा डालने सरकारी अभिलेखों को नष्ट करने बीएलओ, वीआरसी ऑपरेटर अभिकर्ताओं तहसील ब्लॉक लेवल अधिकारियों को डराने धमकाने उनका हरासमेंट करने के किसी भी कृतियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

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